बहराइच कार्यक्रम मे सहकारिता मंत्री का सम्बोधन
मानसिक रोगियों के प्रति दयालुता, धैर्य, सहनशीलता एवं क्षमा का भाव रखें - मुकुट बिहारी वर्मा
बहराइच। विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर आज महर्षि बालार्क चिकित्सालय परिसर में मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता एवं चिकित्सा शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का मुख्य अतिथि प्रदेश के सहकारिता मंत्री मुकुट बिहारी वर्मा ने माॅ सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलित कर शुभारम्भ किया। जबकि सीएचओ इन्दु मिश्रा, कोमल, ज्योति, सना, व भारती द्वारा सरस्वती वन्दना तथा रागिनी वर्मा, रजनी मौर्या, पुष्पाजलि सिह, प्रतिमा शुक्ला व प्राची मिश्रा द्वारा स्वागत गीत प्रस्तुत किया गया।
शिविर को सम्बोधित करते हुए मुख्य अतिथि श्री वर्मा ने कहा कि मानसिक रोगियों को अंधविश्वास में न पड़कर किसी योग्य मनो चिकित्सक से उपचार कराना चाहिए। उन्होनें कहा कि हमें मानसिक रोगियों के प्रति दयालुता, धैर्य, सहनशीलता एवं क्षमा जैसे भाव रखना चाहिए। मानसिक रोग भी आम बीमारियों की तरह उपचार से ठीक हो सकता है। सभी सरकारी चिकित्सालयों में भी मानसिक रोगियों के लिए उपचार की सुविधा उपलब्ध है।
विधायक पयागपुर सुभाष त्रिपाठी ने कहा कि मानसिक विकार को दूर करने का प्रयास करना चाहिए। मानसिक रूप से अस्वस्थ्य लोगों को अपना समुचित उपचार कराना चाहिए। हमें ऐसे लोगों को सलाह देना चाहिए कि सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़े और दूसरों के प्रति भी सकारात्मक सोच रखें। विधायक बलहा श्रीमती सरोज सोनकर ने कहा कि आज समाज के साथ-साथ परिवार के स्वास्थ्य पर भी ध्यान देने की आवश्यकता है। हमें अपने परिवार के सदस्यों के साथ मित्रवत व्यवहार रखना चाहिए। उन्होंने कहा कि मन मस्तिष्क को स्वस्थ्य रखें और चिन्ता को दूर कर अपने व परिवार के स्वास्थ्य के विषय में सजग रहते हुए सदैव प्रसन्न रहें।
जिलाधिकारी शम्भु कुमार ने कहा कि शारीरिक बीमारियों के प्रति हम जितना सजग रहते है उतना मानसिक बीमारियों के प्रति ध्यान नहीं देते है। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा है कि शारीरिक स्वस्थता के साथ-साथ मानसिक रूप से भी लोग स्वस्थ्य रहें। इसके लिए सरकार द्वारा सरकारी अस्पतालों में भी मानसिक रोगियों के उपचार की व्यवस्था की गयी है। अंध विश्वास में न पड़कर मानसिक रोगियों का समुचित उपचार कराना चाहिए। श्री कुमार ने कहा कि मनोदशा को ठीक रखने में योग का भी बड़ा महत्व है। कोविड-19 महामारी के दृष्टिगत भी हमें विशेष सतर्क रहने की आवश्यकता है।
महर्षि बालार्क चिकित्सालय के मनोचिकित्सक डा. विजित जायसवाल ने चिकित्सालय में मानसिक रोगियों के लिए उपलब्ध स्वास्थ्य सेवाओं की विस्तार से जानकारी देते हुए बताया कि विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस का थीम ‘दयालुता’ रखा गया है। हमें मानसिक रोगियों के प्रति दयालुता का भाव रखकर उनका समुचित उपचार कराना चाहिए। मुख्य चिकित्साधिकारी डा. राजेश मोहन श्रीवास्तव ने सभी के प्रति आभार व्यक्त किया। जबकि शिविर का संचालन डिप्टी डीएचईआईओ बृजेश सिंह ने किया।
कार्यक्रम के अन्त में कोविड-19 महामारी के दौरान उत्कृष्ट कार्य करने वाले डा. पी.के. वर्मा, डा. तबरेज अहमद, डा. कुॅवर रितेश, डा. अतुल श्रीवास्तव, डा. पीयूष साहू, अशफाक अहमद, अनिल कुमार तिवारी, वासुदेव पाण्डेय, अजय कुमार, बृजेश सिंह सहित अन्य लोगों को मुख्य अतिथि व अन्य अतिथियों द्वारा प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित एवं पुरस्कृत किया गया। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी कविता मीना, सीएमएस डा. डी.के. सिंह, डिप्टी सीएमओं डा. ए.के. वर्मा, डा. योग्यता जैन, डा. अजीत चन्द्रा सहित अन्य सम्बन्धित लोग मौजूद रहे।

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