एक भारतीय नागरिक होने के नाते, पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में स्थित शिया मस्जिद ख़दीजातुल कुबरा में हुए भीषण आतंकी हमले की कड़ी निंदा करना हमारा नैतिक और मानवीय कर्तव्य है। इस दर्दनाक घटना में 31 निर्दोष नमाज़ियों की शहादत हो गई, जबकि 170 से अधिक लोग घायल हुए हैं।
इस अमानवीय हमले ने न सिर्फ़ शिया समुदाय, बल्कि पूरी इंसानियत को गहरे सदमे में डाल दिया है। भारत के जनपद बदायूँ से शिया तंज़ीमुल मोमिनीन कमेटी बदायूँ के जनरल सेक्रेटरी जनाब सय्यद जाबिर ज़ैदी ने इस हमले पर कड़ा ऐतराज़ जताते हुए इसे धार्मिक स्वतंत्रता पर सीधा हमला बताया।
जनाब सय्यद जाबिर ज़ैदी ने अपने बयान में कहा कि
मस्जिद जैसी पवित्र जगह को निशाना बनाना आतंकियों की कायराना मानसिकता को दर्शाता है। एक भारतीय नागरिक और एक इंसान होने के नाते मैं इस हमले की सख़्त शब्दों में निंदा करता हूँ।
उन्होंने पाकिस्तानी हुकूमत से मांग की कि इस जघन्य अपराध में शामिल सभी दोषियों की पहचान कर उनके ख़िलाफ़ सख़्त से सख़्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में अल्पसंख्यकों और धार्मिक स्थलों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
शिया तंज़ीमुल मोमिनीन कमेटी बदायूँ के जनरल सेक्रेटरी सय्यद जाबिर ज़ैदी शहीदों को खिराज-ए-अकीदत पेश करते हुए कहा कि भारत का शिया समाज और तमाम अमन-पसंद लोग इस दुख की घड़ी में पाकिस्तान के पीड़ित परिवारों के साथ खड़े हैं और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की दुआ करते हैं।
0 टिप्पणियाँ