पूर्वांचल गांधी ने मुख्यमंत्री को लिखा पत्र कहा,देवरिया के विधायक डॉ शलभ मणि का आतंक

2.01.2026
'माननीय मुख्यमंत्री'
 उत्तर प्रदेश
 'सत्यपाठ इकलौता मार्ग है जिस पर मैं चलता हूं'
 देवरिया के विधायक डॉ शलभ मणि का आतंक
 ''सम्मान देते हुए''
मुझे दुख के साथ लिखना पड़ रहा है कि देवरिया के विधायक डॉ शलभ मणि देवरिया पुल के नीचे की मजार को लेकर जो कुछ कर रहे हैं उससे सांप्रदायिकता एवं नफरत
फैल रही हैं..उनकी पूरी राजनीति नफरत द्वेष जातीय जहर को पल्लवित पुष्पित कर रही है।
इन्हें यह जानकारी मिली की तीन-चार जनवरी को उस मजार पर जलसा होना है, परंतु इन्हें इस बात की जानकारी नहीं है कि शुगर फैक्ट्री चलाने के लिए 1 साल से देवरिया कचहरी में आंदोलन हो रहा है जिसमें स्वतः मैं दो बार तिरंगा उठा चुका हूं एक नई चीनी मिल अपने गांव घुड़ीपुर देवरिया, हॉस्पिटल जो मेडिकल कॉलेज खुलने से समाप्त हो गया है निर्मित कराने एवं बस स्टेशन जो चारों तरफ मूत्रालय में बदल चुका है उसकी मांग के लिए दो-दो बार सत्याग्रह किया गया ज्ञापन दिया उनकी आवाज इनको नहीं सुनाई दे रही है। यह जानते हैं कि  80% हिंदू समाज में हिंदू मुस्लिम नफरत कर राजनीति की रोटी इच्छानुसार पकाई जा सकती हैं देवरिया रेलवे लाइन पर पूर्वी ढाला बंद होने पर यातायात संकट एवं नरक बन जाता है इसकी जानकारी इनको नहीं है

देवरिया के विधायक डॉक्टर शालभ मणि नफरत की नजीर बन रहे हैं अवश्य ही पार्टी को और पार्टी के लोगों को इस पर विचार करना चाहिए.
”सम्मान देते हुए"
भारत भूमि पर बने मंदिर मस्जिद मठ मजार हिंदू मुसलमान किसी के बाबूजी के जमीन पर नहीं बनी है( कहीं किसी राजा का अपना अलग मंदिर हो किसी सुल्तान नवाब की अलग मस्जिद हो यह अलग बात है) शत प्रतिशत सरकारी जमीन पर बने हैं और यह सभी सार्वजनिक होते हैं. देवरिया की वह मजार किसी मौलाना की व्यक्तिगत संपत्ति नहीं है मजार सार्वजनिक संपत्ति होती है स्वाभाविक रूप से उस पर मुसलमान अधिक जाते हैं लेकिन हिंदू भी मजार पर जाते हैं और इससे भी बड़ी बातें है यह कि देवरिया के 45 लाख लोगों में किसी को उस मजार से तकलीफ नहीं है केवल विधायक डॉ शलभमणि को तकलीफ है,ऐसा लग रहा है सार्वजनिक जमीन क़े अकेले पहरेदार यही है.

'सम्मान देते हुए'
क्योंकि उस मजार से देवरिया क़े 45 लाख लोगों में किसी को रत्ती भर कोई तकलीफ नहीं है इसलिए सत्य अहिंसा की पूरी ताकत से कहना चाहता हूं की मजार ध्वस्तीकारण का यदि कोई आदेश हो तो उसे वापस ले लिया जाए।
यदि ऐसा कुछ भी हुआ तो देवरिया के सुभाष चौक पर 3 दिन अमरण अनशन करूंगा. नफरत और घोलने की कोशिश की गई तो तिरंगा उठाऊंगा.

प्रति:--- मुख्य सचिव' उत्तर प्रदेश अध्यक्ष रिवेन्यू बोर्ड उप्र प्रमुख सचिव गृह'आयुक्त' गोरखपुर मंडल जिलाधिकारी' देवरिया
डीजीपी उप्र' एडीजी'डीआईजी'गोरखपुर एसपी देवरिया

डॉ संपूर्णानंद मल्ल            
 पूर्वांचल गांधी
सत्यपथ  गोविंद नगरी  थाना शाहपुर गोरखपुर 
9415418263 snm.190907 @ yahoo.co.in

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