🇮🇳 "माननीय राष्ट्रपति"
'महोदया'
'रिवॉल्यूशन''क्रांति''इंकलाब'
'भारत' तिरंगा' संविधान' सुरक्षित रखने की'
25 नवंबर अयोध्या पीएम दोपहर 12 बजे राम मंदिर पर भगवा ध्वज फहराया और कहा
'500 साल का इंतज़ार ख़त्म हो गया'-------"
( पीएम साहब इसी 500 साल में स्वतंत्रता का प्रथम महान समर 1857 भी था जिस फैजाबाद में मौलवी अहमदुल्ला ने राम को फिरंगी हुकूमत की गुलामी से आजाद कराया था) पीएम साहब ऐसे नफरती 'अनऐतिहासिक' वाक्य न गढ़िये।
पीएम ''यह धर्म ध्वजा केवल एक धर्म ध्वजा नहीं यह भारतीय सभ्यता की पुनर्जागरण का ध्वज है इसका भगवा रंग इस पर रचित सूर्यवंश की छाती वर्णित ओम शब्द और कोबिदार वृक्ष राम राज्य की कृति को प्रतिरूपित करता है यह ध्वज संकल्प है यह ध्वज सफलता है यह ध्वज संघर्ष से सृजन की कुचल दिया है+गाथा' राम राज्य' की कृति सदियों से चले आ रहे सपनों का साकार रूप' संतों की साधना' और समाज की सहभागिता की सार्थक परिणीति'
इन शब्दों का जीवन स्वतंत्रता समानता संविधान एकता अखंडता संप्रभुता से कोई रिश्ता नहीं है। 'धर्म ध्वज' का उल्लेख 'ऋग्वेद' में नहीं है.पीएम ने अंधविश्वास पाखंड के इन शब्दों से 'भारत' तिरंगा''संविधान' को कुचला है। देश को गुमराह किया है
' 'भारत''संविधान''तिरंगा''एकता' अखंडता''संप्रभुता' की रक्षा की शपथ लेने वाले पीएम ने उक्त का उलझ ही नहीं किया।'
पीएम को पद से हटाइए
रामायण महाकाव्य अनुसार राम राजा थे भगवान नहीं परंतु पीएम ने झूठ' कल्पना' को 'भारत' पर थोपा 'साइंटिफिक टेंपर' एवं 'ह्यूमैनिटी' के नागरिकों के मौलिक कर्तव्य को अंधविश्वास पाखंड से ढक दिया
पीएम को पद से हटाइए
पीएम ने आटा चावल दाल तेल चीनी दूध दवा शिक्षा चिकित्सा रेल पर टैक्स GST लगाया।इस पर टैक्स लगाने का अर्थ है लोगों से 'जीवन' छीन लेना क्योंकि 5KG अनाज पर जीने वाले 80 करोड़ कंगाल और 22 करोड़ कुपोषितों के पास फूटी कौड़ी नहीं कि वे जीवन कीज़रूरतें खरीद सकें जीवन'पर टैक्स लगाकर PM नें संविधान की हत्या की है।
पीएम को पद से हटाइए
हिंदू राष्ट्र' और भगवा धर्मध्वज क़े सहारे PM ने भारत राष्ट्र' "तिरंगा' सॉवरेन्टी' कमजोर की
पीएम को पद से हटाइए
पीएम ने झूठ हिंसा भय अंधविश्वास पाखंड बेरोजगारी गरीबी महंगाई विषमता फैलाई सरकारी/ सार्वजनिक संपत्ति संसाधन निजी हाथों में बेची।
पीएम को पद से हटाइए
देश में चारों तरफ हिंसा भय नफ़रत है मुसलमान पर जुर्म अत्याचार किए जा रहे हैं अभी 25 दिसंबर क्रिसमस डे पर ईसाई चर्च के विरुद्ध हिंदुत्व के हुड़दंगाई विशेष कर बजरंग दल ने जो कुछ किया उस आधार पर हम कह सकते हैं कि हमारे पास कोई अच्छा शेष नहीं बचा है
पीएम को पद से हटाइए
अलगाव एवं नफरत का हिंदू राष्ट्र भगवा धर्मध्वजा मुझे नहीं चाहिए मैं इसे लेकर क्या करूंगा?मुझे मेरा भारत तिरंगा संविधान चाहिये। इस भगवा धर्म ध्वज में आदिवासी कहां है जो जंगल जल के समीप जीवन जीते थे वह किसान कहां है जिन्हें खेतों की हरियाली पसंद था। काली पट्टी हाथों में लेकर न्याय की मांग करने वाले वे लोग कहां हैं? वे 90% लोग कहां हैं जो भगवा धर्म ध्वज जानते ही नहीं क्या है?
प्रधानमंत्री जी बहुत हुआ अंधविश्वास पाखंड अवैज्ञानिकता अमानवता हिंसा भय बंद करिए।अब यह सहा नहीं जाता। संविधान जो सत्य है जीवन एवं मनुष्यता का मार्ग है का वरण कर लीजिए अन्यथा सत्ता छोड़ दीजिए। राष्ट्रपति महोदया आपको पद से हटा दें और इससे भी अच्छा होगा जब तक आपकी क्रूर जालिम हुकूमत गांधी भगत सिंह अंबेडकर एपीजे अब्दुल कलाम के महान मुल्क पर चल रही है मुझे जेल में डाल दे. सत्य अहिंसा की पूरी ताकत से कहना चाहता हूं कि समता पुरुष अंबेडकर जयंती 14 अप्रैल 2026 संसद के सामने एक रिवॉल्यूशन करूंगा जो सत्य अहिंसा आधारित तिरंगा एवं संविधान के साथ होगा।आपका सच लोगों को बताऊंगा,और आपकी सत्ता बालू की भीत की तरह गिर जाएगी समाप्त हो जाएगी।
प्रति:- माननीय उच्चतम न्यायालय
डॉ संपूर्णानंद मल्ल
पूर्वांचल गांधी
सत्यपथ PS शाहपुर गोरखपुर
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